लखनऊ में बुधवार को हुए प्रतीक यादव के निधन के बाद अब उनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आ गई है, जिसमें मौत के कारणों को लेकर अहम जानकारी दर्ज की गई है। रिपोर्ट के अनुसार, उनकी मौत का कारण कार्डियोरेस्पिरेटरी कोलैप्स बताया गया है, जो अचानक दिल और सांस की प्रक्रिया बंद हो जाने से होता है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या हुआ खुलासा
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बताया गया है कि शरीर में बड़े पैमाने पर पल्मोनरी थ्रोम्बोएम्बोलिज्म पाया गया, यानी फेफड़ों की नसों में खून के थक्के जमने की स्थिति बनी थी। इसी वजह से रक्त प्रवाह बाधित हुआ और अंततः कार्डियक अरेस्ट की स्थिति उत्पन्न हुई, जिससे उनकी मृत्यु हो गई।
खून के थक्के और संक्रमण की स्थिति
रिपोर्ट के अनुसार, शरीर में खून का थक्का निचले हिस्से से ऊपरी हिस्से की ओर बढ़ा था, जिसके बाद धमनी और फेफड़ों में संक्रमण की स्थिति बनी। यह स्थिति गंभीर रूप से घातक साबित हुई और दिल व सांस की प्रक्रिया पूरी तरह से रुक गई।
अंदरूनी अंगों को जांच के लिए सुरक्षित रखा गया
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि हृदय और फेफड़ों से संबंधित थ्रोम्बोएम्बोलिक पदार्थों को आगे की हिस्टोपैथोलॉजिकल जांच के लिए फॉर्मेलिन में सुरक्षित रखा गया है। इसके अलावा विसरा के नमूनों को रासायनिक जांच के लिए सुरक्षित कर संबंधित अधिकारियों को सौंप दिया गया है। रिपोर्ट में यह भी स्पष्ट किया गया है कि शरीर पर पाए गए सभी चोट के निशान एंटेमॉर्टेम यानी मृत्यु से पहले के हैं।
अस्पताल पहुंचने से पहले हो चुकी थी मौत
जानकारी के अनुसार, प्रतीक यादव को बुधवार तड़के अचानक तबीयत बिगड़ने पर लखनऊ के सिविल अस्पताल ले जाया गया था, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उन्हें अस्पताल लाए जाने से पहले ही मृत अवस्था में पाया गया था।
राजनीतिक परिवार से जुड़े रहे, फिटनेस के थे शौकीन
प्रतीक यादव एक प्रमुख राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखते थे, हालांकि उन्होंने सक्रिय राजनीति से दूरी बनाए रखी थी। वे फिटनेस के प्रति विशेष रुचि रखते थे। उनकी पत्नी अपर्णा बिष्ट यादव भारतीय जनता पार्टी की नेता हैं और वर्तमान में उत्तर प्रदेश महिला आयोग की उपाध्यक्ष के पद पर कार्यरत हैं।
